दिग्विजय सिंह का बड़ा हमला: जहरीली दवा से बच्चों की मौत पर बोले- स्वास्थ्य मंत्री दें इस्तीफा
भोपाल। भोपाल में आज पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर स्वास्थ्य विभाग और सरकार पर गंभीर आरोप लगाए है. उन्होंने कहा कि बच्चों को जो दवाई दी जा रही थी, वह जहरीली थी, जिसमें 18% DEG मिला हुआ था. उन्होंने कहा कि दो सितंबर से जब लगातार घटनाएं बढ़ती चली गईं, तब भी स्वास्थ्य मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को क्लीन चिट दे दी.
स्वास्थ्य मंत्री इस्तीफा दें – दिग्विजय सिंह
दिग्विजय सिंह ने जहरीली दवा से बच्चों की मौत पर स्वास्थ्य मंत्री के इस्तीफे की मांग की है. उन्होंने कहा कि राज्य स्वास्थ्य समिति के साथ-साथ अलग-अलग समितियां बनी हुई हैं, लेकिन इनकी कभी कोई बैठक नहीं हुई. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इस राज्य स्वास्थ्य समिति के अध्यक्ष हैं, तो सवाल यह है कि अब तक इस समिति की बैठक क्यों नहीं हुई. इस मामले में क्या जिला कलेक्टरों ने मीटिंग ली या नहीं, इसकी भी जांच होनी चाहिए. दिग्विजय सिंह ने बताया कि 2023 में ऐसे मामलाें में सजा खत्म कर केवल जुर्माना लगाने का प्रावधान किया गया, जिसमें 5 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाता है. दिग्विजय सिंह ने यह भी आरोप लगाया कि 945 करोड़ रुपये फार्मा कंपनियों से चंदे के रूप में लिए गए हैं. उन्होंने दोहराया कि 945 करोड़ रुपये फार्मा कंपनियों से चंदा लिया गया, और इसी फार्मा फंडिंग के चलते नियामक संस्थाएं अपना काम सही तरीके से नहीं कर पा रही हैं.
प्रधानमंत्री को लिखा पत्र
दिग्विजय सिंह ने कहा कि इन लापरवाहियों के कारण देश को हर साल लगभग 52 हजार करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा है. उन्होंने यह भी बताया कि एक भी सरकारी टेस्टिंग लैब मौजूद नहीं है, और दवाओं की जांच निजी लैब में कराई जा रही है. सिंह ने कहा कि उन्होंने पूरे मामले की जानकारी और शिकायत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर दी है.
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