सारिक मछली पर हॉफ मर्डर जैसे दर्जनों अपराध,फिर भी उसके करीबी चला रहे है समर्थन में अभियान
भोपाल। फेसबुक और सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म्स पर इन दिनों कुछ लोग लगातार सारिक अहमद के समर्थन में अभियान चला रहे हैं। इन पोस्ट्स में यह दावा किया जा रहा है कि सारिक को “न्याय” दिया जाए। लेकिन हक़ीक़त यह है कि सारिक पर कई संगीन अपराधों के आरोप हैं और वह मासूमों की जिंदगी से खिलवाड़ कर चुका है। उसके साथ वाले कुछ लोग उसे सही साबित करने की कोशिश कर रहे हैं जबकि शासकीय कागज से लेकर ऐसी कई FIR उसके खिलाफ भारी पड़ी है। ऐसे लोग समाज के लिए गलत हैं जो एक ऐसे व्यक्ति को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। जो केवल समाज के लिए ही नहीं देश के लिए भी घातक को सकते है।
सोशल मीडिया पर ही लोगों का एक बड़ा वर्ग इन तथाकथित “सपोर्ट पोस्ट्स” का खुलकर विरोध कर रहा है। उनका कहना है कि एक अपराधी को हीरो बनाने की कोशिश समाज के लिए खतरनाक है।न्यायालय में दर्ज मामलों और गवाहियों को दरकिनार कर सारिक को निर्दोष दिखाना जनभावनाओं के साथ खिलवाड़ है।असली न्याय तब होगा जब दोषियों को कड़ी से कड़ी सज़ा मिलेगी, न कि उन्हें बचाने के लिए मुहिम चलाई जाएगी।सारिक अहमद पर पहले से ही गंभीर आरोप दर्ज हैं जिनमें हाफ मर्डर, अपहरण, हिंसा और सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने जैसी वारदातें शामिल हैं। आरोप है कि उसने सुनियोजित तरीके से मासूमों को निशाना बनाया और राजनीति की आड़ लेकर क़ानून से बचने की कोशिश करता रहा।
प्रशासन पर दबाव
लगातार बढ़ते जनाक्रोश को देखते हुए अब पुलिस और प्रशासन पर भी दबाव है कि सारिक अहमद के खिलाफ चल रहे मामलों की तेज़ी से सुनवाई हो।उसके समर्थकों द्वारा फैलाई जा रही भ्रामक पोस्ट्स पर भी सख़्त कार्रवाई की जाए।यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी अपराधी सोशल मीडिया के सहारे खुद को निर्दोष साबित न कर सके। लोग साफ़ कह रहे हैं – “अपराधी को बचाने की कोशिश बंद करो। समाज को सुरक्षा चाहिए, अपराधियों को सज़ा चाहिए।”
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